ट्रंप प्रशासन ने अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (ICC) के खिलाफ कड़े प्रतिबंध लागू कर दिए हैं। यह कार्रवाई शुक्रवार को उस समय की गई, जब ट्रिब्यूनल के एक पूर्व न्यायाधीश को नोबेल शांति पुरस्कार मिलने के कुछ ही घंटे बीते थे।
अमेरिकी प्रशासन लंबे समय से ICC की आलोचना करता रहा है और उसने इस संस्था को भ्रष्ट और अवैध करार दिया है। युद्ध अपराधों और मानवता के खिलाफ अपराधों की जांच करने वाली इस वैश्विक संस्था के खिलाफ लिया गया यह निर्णय दोनों पक्षों के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाता है।
अमेरिकी सरकार का अंतरराष्ट्रीय न्याय संस्था के प्रति यह प्रतिकूल रुख जारी है। यह घटनाक्रम अमेरिका और अंतरराष्ट्रीय न्याय संगठन के बीच चल रहे विवाद में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।


