चेन्नई के जोन 11 में लिए गए पानी के नमूनों में ई. कोलाई बैक्टीरिया पाए गए हैं। शुक्रवार को परिषद की बैठक में पेश की गई स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, 26 मई से 12 अगस्त के बीच एकत्र किए गए 43 नमूनों में इस बैक्टीरिया की पुष्टि हुई है। इनमें से 36 नमूने मेट्रो वाटर सुविधाओं से लिए गए थे। रिपोर्ट में कुल 46 नमूनों को जीवाणु संबंधी दृष्टि से असंतोषजनक बताया गया है, हालांकि इस अवधि में कुल कितने नमूनों की जांच की गई, इसका उल्लेख नहीं है।
दूषित नमूनों में से आधे से अधिक मामले तीन वार्डों से सामने आए हैं, जिनमें वार्ड 145 में 10, वार्ड 148 में नौ और वार्ड 147 में छह मामले दर्ज किए गए। ये नमूने घरों, सार्वजनिक स्थानों, अम्मा उनवगम और चिन्ना पोरुर यूसीएचसी की टंकियों से लिए गए थे। जोन 11 के अध्यक्ष वी. राजन ने स्वास्थ्य जोखिमों पर चिंता जताते हुए शहर के सभी 15 जोन में पानी की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की है। वहीं, आयुक्त जीएस समीरन ने बताया कि मेट्रो वाटर 3,600 करोड़ रुपये की बुनियादी ढांचा परियोजनाओं पर काम कर रहा है, लेकिन धन की कमी के कारण सड़क बहाली के कार्यों के भुगतान में देरी हुई है।



