अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा तनाव युद्ध नहीं, बल्कि सैन्य झड़पें हैं। उन्होंने कहा कि इन झड़पों में 18 अमेरिकी सैनिकों की जान जाने के बावजूद, इसकी तुलना वियतनाम या अफगानिस्तान युद्धों से नहीं की जा सकती। ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान के परमाणु कार्यक्रमों को रोक दिया है और होर्मुज जलडमरूमध्य अब उनके नियंत्रण में है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ईरान के यूरेनियम संवर्धन केंद्रों पर कोई संदिग्ध गतिविधि पाई गई, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, उन्होंने चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से इस मामले में हस्तक्षेप न करने का आग्रह किया है।
दूसरी ओर, ईरान के वरिष्ठ सैन्य कमांडर अलीरेजा एलहामी ने कहा है कि अमेरिका से खतरा अभी भी बरकरार है। उन्होंने जोर देकर कहा कि ईरानी सेना किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है और उनके हथियार दुश्मनों को विफल करने में सक्षम हैं। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान की अर्थव्यवस्था को उबरने में लंबा समय लगेगा।


