मैसाचुसेट्स के एक संघीय न्यायाधीश ने ट्रंप प्रशासन के उस नए नियम पर अस्थायी रोक लगा दी है, जिसके तहत विदेशी छात्रों, पत्रकारों और एक्सचेंज विजिटर्स के वीजा की अवधि सीमित की जानी थी। मंगलवार से लागू होने वाले इस नियम में छात्र वीजा को चार साल और पत्रकार वीजा को 240 दिनों तक सीमित करने का प्रावधान था, जो मौजूदा 'ड्यूरेशन ऑफ स्टेटस' प्रणाली को समाप्त कर देता।
न्यायाधीश एफ. डेनिस सैलर चतुर्थ ने कहा कि यह नियम अमेरिकी अर्थव्यवस्था और उच्च शिक्षा प्रणाली को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है। उन्होंने सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया कि रोक केवल याचिकाकर्ताओं तक सीमित रहे। अदालत ने पाया कि यह नीति शैक्षणिक संस्थानों और प्रेस पर अनुचित नियंत्रण के लिए इस्तेमाल की जा सकती है, विशेषकर उन पत्रकारों के खिलाफ जो होमलैंड सिक्योरिटी विभाग की आलोचना करते हैं।
प्रशासन ने धोखाधड़ी रोकने और वीजा अवधि के उल्लंघन को नियंत्रित करने के लिए इन सीमाओं को जरूरी बताया था, लेकिन अदालत ने इसे सुरक्षा लक्ष्यों के लिए अपर्याप्त माना। विभिन्न उच्च शिक्षा संगठनों और श्रमिक संघों द्वारा दायर कानूनी चुनौती के चलते अब इस नीति के कार्यान्वयन पर रोक जारी रहेगी।



