निजी स्कूलों को मान्यता देने के बदले 400 करोड़ रुपये की रिश्वत लेने के मामले में वांछित डीएमके नेता मुथुकुमार ने चेन्नई की विशेष अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया है। मुथुकुमार विरधाचलम निर्वाचन क्षेत्र के पूर्व विधायक रह चुके हैं और डीएमके शासन के दौरान अभिभावक-शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष के रूप में कार्यरत थे।
पिछले चार महीनों से फरार चल रहे मुथुकुमार की जमानत याचिकाएं उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय द्वारा खारिज कर दी गई थीं। अंबिल महेश की गिरफ्तारी और जमानत याचिकाएं खारिज होने के बाद उन्होंने अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण किया है। मुथुकुमार को डीएमके सरकार में स्कूली शिक्षा मंत्री रहे अंबिल महेश का करीबी माना जाता है।

