विवादित पुस्तकों में 'त्रिशा विजय' नाम के इस्तेमाल पर 'अगलविलक्कू' प्रकाशन के मालिक मोहन ने स्पष्टीकरण दिया है। उन्होंने कहा कि त्रिशा विजय एक उपनाम है जिसका इस्तेमाल किसी लेखक द्वारा किया गया होगा।
मोहन ने आगे कहा कि वे पिछले 15 वर्षों से पुस्तकों के वितरण का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए यह बात कही।
