इंडिया गठबंधन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ सड़क से लेकर अदालत तक मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने 2023 के उस कानून को लोकतांत्रिक जवाबदेही के लिए खतरा बताया है, जिसके तहत चुनाव आयुक्तों को दंडात्मक कार्रवाई से छूट दी गई है। इस मुद्दे पर ममता बनर्जी, तेजस्वी यादव और अखिलेश यादव समेत विपक्षी नेता दिल्ली में एकजुट होकर अपनी रणनीति तैयार कर रहे हैं।
गठबंधन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को एक ज्ञापन सौंपने की तैयारी में है, जिसमें इलेक्ट्रॉनिक रूप से प्रेषित पोस्टल बैलट सिस्टम के जरिए वोट चोरी के आरोपों और चुनाव आयुक्तों के चयन में मुख्य न्यायाधीश को शामिल न किए जाने पर आपत्ति जताई जाएगी। दिल्ली में 37,000 से अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती के बीच विरोध प्रदर्शनों के दौरान कई नेताओं को हिरासत में लिया गया है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने अवैध हिरासत पर रोक लगाने का निर्देश दिया है और मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने गठबंधन को अपनी शिकायतें औपचारिक कानूनी याचिकाओं के माध्यम से दर्ज करने की सलाह दी है।




