केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश जारी कर अस्पतालों में मरीजों के लिए उपचार शुल्क का विवरण सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित करना अनिवार्य कर दिया है। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने इस संबंध में सभी राज्यों को पत्र लिखकर स्पष्ट निर्देश दिए हैं।
इस आदेश के तहत, अस्पतालों को सामान्य उपचार, विभिन्न जांच, सर्जरी और बेड की उपलब्धता सहित सभी सेवाओं के शुल्क का ब्यौरा स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करना होगा। यह जानकारी अंग्रेजी के साथ-साथ संबंधित राज्य की स्थानीय भाषा में भी उपलब्ध होनी चाहिए ताकि आम जनता इसे आसानी से समझ सके। इस कदम का मुख्य उद्देश्य चिकित्सा सेवाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।


