उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर की एक अदालत ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को 2018 के एक आपराधिक मानहानि मामले में बरी कर दिया है। यह मामला केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ की गई टिप्पणी से जुड़ा था। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि विपक्ष के नेता द्वारा दिए गए बयान मानहानि की श्रेणी में नहीं आते हैं।
यह मामला भाजपा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष विजय मिश्रा द्वारा भारतीय दंड संहिता की धारा 499 और 500 के तहत दर्ज कराया गया था। यह शिकायत राहुल गांधी द्वारा 2018 के कर्नाटक विधानसभा चुनाव से पहले बेंगलुरु में एक रैली के दौरान की गई टिप्पणियों को लेकर की गई थी।
फैसला सुनाए जाने के दौरान राहुल गांधी विशेष एमपी-एमएलए अदालत में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित थे। इससे पहले 2023 में अदालत में पेश होने के बाद उन्हें इस मामले में जमानत मिल गई थी।


