कोयंबटूर के कोविलपालयम में वाहन जांच के दौरान प्रतिबंधित गुटखा ले जा रही एक कार को रोकने की कोशिश की गई। इस दौरान राजस्थान के रहने वाले तीन आरोपियों ने पुलिसकर्मियों को धक्का देकर कार तेज रफ्तार में भगा ली। इस पर मुख्य आरक्षक वेलमुरुगन ने साहस दिखाते हुए चलती कार की छत पर छलांग लगा दी और करीब 40 किलोमीटर तक उस पर लटके रहे।
बाद में एम्बुलेंस और पुलिस वाहनों की मदद से अविनाशी इलाके में कार को घेरकर रोक लिया गया। जांच में बेंगलुरु से 233 किलोग्राम गुटखा तस्करी किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके बाद बाबू तारा, राजेश और सुरेश नामक तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। मुख्य आरक्षक वेलमुरुगन के इस साहसी कार्य की सोशल मीडिया पर व्यापक सराहना हो रही है। इस वीरतापूर्ण कार्य के लिए तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ने उन्हें अपने कार्यालय बुलाकर सम्मानित किया और उनकी प्रशंसा की।

