नई दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने द्विपक्षीय वार्ता की। इस बैठक में सीमा विवाद, व्यापार और निवेश जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। राष्ट्रपति शी ने कहा कि दोनों देशों के बीच अब तक 21 बार मुलाकात हो चुकी है, जो संबंधों को निरंतर विकास की दिशा में ले जा रही है।
उन्होंने जोर दिया कि दुनिया के सबसे अधिक आबादी वाले देश और ग्लोबल साउथ के प्रमुख सदस्य होने के नाते, भारत और चीन एक-दूसरे की ताकत से सीखकर साझा विकास हासिल कर सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने चीनी राष्ट्रपति का स्वागत किया और भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के दौरान चीन द्वारा दिए गए समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया। यह बैठक राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और चीनी विदेश मंत्री वांग यी के बीच 3,488 किलोमीटर लंबी सीमा विवाद पर हुई हालिया चर्चाओं के बाद हुई है।
भारत का स्पष्ट रुख है कि व्यापक सहयोग के लिए वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर शांति बनाए रखना अनिवार्य है। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करते हुए आपसी जुड़ाव बढ़ाने के नए उपायों पर विचार-विमर्श किया।



